सार्वजनिक जीवन, सामाजिक क्षेत्र और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वाली विभूतियों को अटल अलंकार, अंतरराष्ट्रीय अटल और अटल भूषण पुरस्कार से किया गया सम्मानित
नई दिल्ली: पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी की विरासत, विचारों और राष्ट्रसेवा के मूल्यों को समर्पित ‘अटल सम्मान समारोह 2026’ का आयोजन अटल फाउंडेशन द्वारा सोमवार को प्रधानमंत्री संग्रहालय, तीन मूर्ति भवन स्थित सभागार में किया गया। समारोह में सार्वजनिक जीवन, सामाजिक क्षेत्र, राष्ट्र निर्माण और विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली विभूतियों को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा संसदीय बोर्ड के सदस्य डॉ. सत्यनारायण जटिया, अटल फाउंडेशन के मुख्य संरक्षक एवं भारतीय जनता पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री श्याम जाजू, पूर्व राज्यसभा सांसद एवं भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री अविनाश राय खन्ना सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।
अटल फाउंडेशन की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती अपर्णा सिंह ने कहा, “अटल सम्मान समारोह का उद्देश्य उन व्यक्तियों के योगदान को पहचान देना है, जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों में समाज और राष्ट्र के लिए उल्लेखनीय कार्य किया है। अटल जी की विरासत केवल उनके राजनीतिक जीवन तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके विचारों और सार्वजनिक जीवन के मूल्यों को आगे बढ़ाना भी उतना ही महत्वपूर्ण है।”
डॉ. सत्यनारायण जटिया ने कहा, “अटल बिहारी वाजपेयी जी का जीवन सार्वजनिक सेवा, लोकतांत्रिक मूल्यों और राष्ट्रहित के प्रति समर्पण का उदाहरण है। उनके नाम पर समाज के विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाली विभूतियों को सम्मानित करना उनके विचारों और मूल्यों को आगे बढ़ाने का एक सार्थक प्रयास है।”
श्री श्याम जाजू ने कहा, “अटल जी ने सार्वजनिक जीवन में विचारों की गरिमा, संवाद और राष्ट्रहित को हमेशा प्राथमिकता दी। आज आवश्यकता है कि उनके आदर्शों को केवल स्मरण न किया जाए, बल्कि उन्हें अपने कार्य और व्यवहार में भी अपनाया जाए।”
श्री अविनाश राय खन्ना ने कहा, “अटल जी का व्यक्तित्व और उनका सार्वजनिक जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। समाज के लिए सकारात्मक योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित करने से सेवा और राष्ट्र निर्माण की भावना को प्रोत्साहन मिलता है।”
समारोह में विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाली विभूतियों को अटल अलंकार पुरस्कार, अंतरराष्ट्रीय अटल पुरस्कार और अटल भूषण पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
अटल अलंकार पुरस्कार से श्री विद्यापति श्री नरसिंघा पाटीमोहापात्र, पुरी, ओडिशा; श्रीमती कोमलबेन सावालिया और डॉ. पूजा तोमर को सम्मानित किया गया।
अंतरराष्ट्रीय अटल पुरस्कार से श्री अवनीश सिंह बिसेन, निदेशक एवं सीईओ, डीसीजे ग्रुप; श्रीमती प्रियंका मदामाची; श्री पेमा वांगचुक, फाउंडिंग सीईओ, झाबतो इंफ्रा लिमिटेड; तथा श्री चंद्रेश शिवलाल मकासना, डॉ अभिनव गर्ग, को सम्मानित किया गया।
अटल भूषण पुरस्कार से डॉ. ए.पी.एस. सूरी, श्री गौरी शंकर पांडे, श्री प्रदीप कुमार मोंगा और श्री सुमित आचार्य को सम्मानित किया गया।
समारोह में अटल फाउंडेशन के इंटरनेशनल चीफ एडवाइजर श्री अंकित राठी, श्रीमती कृष्णा राठीविशिष्ट अतिथि , डीसीजे ग्रुप के निदेशक एवं सीईओ श्री अवनीश सिंह बिसेन, फाउंडेशन के पदाधिकारी, सामाजिक क्षेत्र से जुड़े प्रतिनिधि और अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।
इस अवसर पर वक्ताओं ने अटल बिहारी वाजपेयी जी के सार्वजनिक जीवन, लोकतांत्रिक मूल्यों, राष्ट्र के प्रति उनकी प्रतिबद्धता और संवाद की राजनीति को याद किया। उन्होंने कहा कि वाजपेयी जी की कार्यशैली आज भी सार्वजनिक जीवन में सेवा, सुशासन, लोकतांत्रिक संवाद और राष्ट्रहित के प्रति प्रतिबद्धता की प्रेरणा देती है।
राष्ट्रीय अटल अवार्ड से विनोद कुमार IAS, उत्तर प्रदेश सचिवालय
अटल फाउंडेशन ने कहा कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने वाले लोगों को सम्मानित करना युवाओं और आने वाली पीढ़ियों को सार्वजनिक सेवा तथा राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
समारोह का समापन अटल बिहारी वाजपेयी जी के आदर्शों, राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण और सार्वजनिक जीवन में उनके योगदान को स्मरण करते हुए हुआ।
