कौन होगा Bihar का अगला मुख्यमंत्री?

कौन होगा Bihar का अगला मुख्यमंत्री?

Nitish Kumar आज देंगे इस्तीफा, सम्राट चौधरी सबसे आगे; 20 साल का दौर खत्म

Bihar की राजनीति में आज बड़ा बदलाव होने जा रहा है। मुख्यमंत्री Nitish Kumar ने आज सुबह 11 बजे अपनी आखिरी कैबिनेट बैठक की और इस्तीफे की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके बाद वे जल्द ही राजभवन जाकर राज्यपाल Syed Ata Hasnain को अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं।

करीब दो दशक तक बिहार की राजनीति का चेहरा रहे नीतीश कुमार के पद छोड़ने के साथ ही राज्य में नए नेतृत्व का रास्ता साफ होता दिखाई दे रहा है। सूत्रों के अनुसार नई एनडीए सरकार 15 अप्रैल को शपथ ले सकती है। इस बीच उपमुख्यमंत्री Samrat Choudhary मुख्यमंत्री पद की दौड़ में सबसे आगे बताए जा रहे हैं, जबकि Nityanand Rai और Renu Devi भी प्रमुख दावेदारों में शामिल हैं।

Bihar में दो दशक का अंत

नीतीश कुमार ने नवंबर 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए की जीत के बाद रिकॉर्ड 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। 243 सदस्यीय विधानसभा में एनडीए को 202 सीटें मिली थीं, जबकि भाजपा पहली बार सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी।

इसके बाद 30 मार्च 2026 को नीतीश कुमार ने बिहार विधान परिषद से इस्तीफा दिया। फिर 11 अप्रैल 2026 को वे राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेकर राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय होने की ओर बढ़े।

अब उनके इस्तीफे के साथ 2005 से चल रहा उनका लंबा राजनीतिक दौर समाप्त होने जा रहा है। जेडीयू नेताओं का कहना है कि नीतीश कुमार दिल्ली से भी गठबंधन को मार्गदर्शन देते रहेंगे।

समृद्धि यात्रा से संकेत

मार्च 2026 में ‘समृद्धि यात्रा’ के दौरान नीतीश कुमार ने कई रैलियों में सम्राट चौधरी की सार्वजनिक रूप से सराहना की थी। जमुई और नवादा की सभाओं में उन्होंने सम्राट चौधरी के कंधे पर हाथ रखते हुए कहा था —
“आगे यही सब देखेंगे”
“यही सब देखेंगे बिहार को”

इन बयानों को राजनीतिक हलकों में नेतृत्व परिवर्तन के संकेत के रूप में देखा गया।

सम्राट चौधरी सबसे आगे

सम्राट चौधरी वर्तमान में उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री हैं। कोइरी (OBC) समुदाय से आने वाले सम्राट चौधरी को जातीय संतुलन के लिहाज से मजबूत दावेदार माना जा रहा है।

उनकी राजनीतिक यात्रा भी दिलचस्प रही है। उन्होंने शुरुआत राष्ट्रीय जनता दल से की, राबड़ी देवी सरकार में मंत्री रहे, बाद में जेडीयू से जुड़े और 2017 में भाजपा में शामिल हो गए।

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उन्होंने बिहार भाजपा अध्यक्ष के रूप में काम किया और 2025 विधानसभा चुनाव में तारापुर सीट से 45 हजार से अधिक वोटों से जीत दर्ज की। इसके बाद वे विजय कुमार सिन्हा के साथ उपमुख्यमंत्री बने।

वर्तमान में गृह विभाग उनके पास है, जो पिछले दो दशक में पहली बार किसी भाजपा नेता को मिला है। कानून व्यवस्था को लेकर उन्होंने सख्त रुख अपनाते हुए अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही थी।

अन्य दावेदार भी मैदान में

हालांकि सम्राट चौधरी सबसे मजबूत दावेदार माने जा रहे हैं, लेकिन अन्य नेताओं के नाम भी चर्चा में हैं:

  • नित्यानंद राय
  • रेणु देवी
  • संजय जायसवाल
  • दिलीप जायसवाल
  • जनक राम
  • संजीव चौरसिया

भाजपा नेतृत्व जातीय संतुलन, प्रशासनिक अनुभव और संगठनात्मक मजबूती को ध्यान में रखते हुए फैसला ले सकता है।

जातीय संतुलन पर फोकस

राजनीतिक जानकारों के अनुसार मुख्यमंत्री चयन में इन बिंदुओं को अहम माना जा रहा है:

  • कोइरी वोट बैंक
  • यादव समीकरण
  • महिला नेतृत्व विकल्प
  • एनडीए सहयोगियों का संतुलन

इन सभी कारकों को ध्यान में रखते हुए अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

आज की बड़ी गतिविधियां

आज सुबह नीतीश कुमार ने B. R. Ambedkar की प्रतिमा पर श्रद्धांजलि दी। इसके बाद वे सचिवालय पहुंचे और अंतिम कैबिनेट बैठक की।

इस बीच भाजपा के केंद्रीय नेता पटना पहुंच चुके हैं:

  • Shivraj Singh Chouhan केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में पहुंचे
  • B. L. Santhosh पटना पहुंचे
  • Vinod Tawde भी प्रक्रिया में शामिल हुए
  • सभी भाजपा विधायकों को पटना में रहने के निर्देश दिए गए हैं और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।

आज कैसे होगा चयन

आज मुख्यमंत्री चयन की प्रक्रिया इस प्रकार होगी:

3 बजे — भाजपा विधायक दल की बैठक
4 बजे — एनडीए विधायक दल की बैठक
शाम — नए मुख्यमंत्री की घोषणा

बैठक में चुने गए नेता को राज्यपाल से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश करना होगा।

15 अप्रैल को शपथ संभव

सूत्रों के अनुसार 15 अप्रैल को सुबह 11 बजे नए मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जा सकता है।

इस कार्यक्रम में Narendra Modi और Amit Shah के शामिल होने की संभावना भी जताई जा रही है।

नई कैबिनेट में अधिकांश मंत्रियों के बने रहने की संभावना है, जबकि कुछ बदलाव किए जा सकते हैं।

बीजेपी के लिए ऐतिहासिक मौका

अगर भाजपा का मुख्यमंत्री बनता है, तो यह पार्टी के लिए ऐतिहासिक होगा। बिहार जैसे बड़े राज्य में पहली बार भाजपा नेतृत्व वाली सरकार बनेगी।

2025 विधानसभा चुनाव में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी, जिसके बाद से नेतृत्व परिवर्तन की चर्चा लगातार चल रही थी।

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नया राजनीतिक अध्याय

नीतीश कुमार के इस्तीफे के साथ Bihar की राजनीति में नया अध्याय शुरू होने जा रहा है।

20 साल बाद नया नेतृत्व

भाजपा का संभावित पहला मुख्यमंत्री

जातीय संतुलन की नई रणनीति

एनडीए में सत्ता संतुलन बदलाव

अब सभी की नजर आज दोपहर बाद होने वाली बैठकों पर है, जहां बिहार के अगले मुख्यमंत्री के नाम पर अंतिम फैसला लिया जाएगा।

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